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## **चित्रकूट में पत्रकार उत्पीड़न पर भड़का 'उत्तर प्रदेश मान्यता प्राप्त संवाददाता समिति (पुनर्गठित)', प्रशासन को दी खुली चुनौती!**

## **झूठी FIR पर 'उत्तर प्रदेश मान्यता प्राप्त संवाददाता समिति (पुनर्गठित)' का महा-ऐलान: दमनकारी नीति के खिलाफ अब आर-पार की जंग!**

उत्तर प्रदेश मान्यता प्राप्त संवाददाता समिति पुनर्गठित के संयोजक प्रभात कुमार त्रिपाठी व पुनर्गठित समिति के सम्मानित सदस्यों व पदाधिकारियों से बातचीत करते हुए।
उत्तर प्रदेश मान्यता प्राप्त संवाददाता समिति पुनर्गठित के संयोजक प्रभात कुमार त्रिपाठी व पुनर्गठित समिति के सम्मानित सदस्यों व पदाधिकारियों से बातचीत करते हुए।

# **चित्रकूट में पत्रकार पर FIR का मामला गरमाया: उत्तर प्रदेश मान्यता प्राप्त संवाददाता समिति(पुनर्गठित)की एंट्री, प्रशासन को दी खुली चुनौती!**

*पत्रकारों का उत्पीड़न बर्दाश्त नहीं- प्रभात कुमार त्रिपाठी*

लखनऊ।चित्रकूट में निर्भीक इलेक्ट्रॉनिक मीडिया पत्रकार ओंकार सिंह चंदेल के खिलाफ दर्ज हुई एफआईआर ने अब एक बड़ा राजनीतिक और संगठनात्मक रूप ले लिया है। इस मामले में **उत्तर प्रदेश मान्यता प्राप्त संवाददाता समिति** (पुनर्गठित) के सर्वेसर्वा एवं संयोजक **श्री प्रभात कुमार त्रिपाठी** ने सीधी एंट्री लेते हुए इस पूरी कार्रवाई की कड़े शब्दों में निंदा की है। उन्होंने प्रशासन को दोटूक चेतावनी देते हुए उत्पीड़ित पत्रकार को हर संभव कानूनी और संगठनात्मक मदद देने का ऐलान कर दिया है, जिससे अब इस मामले ने लखनऊ तक तूल पकड़ लिया है।

### **”पत्रकारिता का गला घोंटना बंद करे प्रशासन” — प्रभात कुमार त्रिपाठी की तीखी प्रतिक्रिया**

उत्तर प्रदेश मान्यता प्राप्त संवाददाता समिति (पुनर्गठित)के संयोजक श्री प्रभात कुमार त्रिपाठी ने इस घटनाक्रम पर बेहद कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। उन्होंने कहा:
> “लोकतंत्र के चौथे स्तंभ को डराने और दबाने की यह साज़िश बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जब एक पत्रकार जनता की आवाज़ उठाता है, तो उसे सुरक्षा देने के बजाय उस पर ही झूठे मुकदमे लाद दिए जाते हैं। उत्तर प्रदेश मान्यता प्राप्त संवाददाता समिति इस उत्पीड़न के खिलाफ डटकर खड़ी है और पीड़ित पत्रकार ओंकार सिंह को सड़क से लेकर अदालत तक हर संभव कानूनी व संगठनात्मक मदद पहुंचाई जाएगी।”
>
### **क्या है पूरा विवाद? (साज़िश बनाम सच्चाई)**

प्राप्त जानकारी के अनुसार, मामला चांदी बांगर गांव में यमुना नदी पर चल रहे बालू खनन के पट्टे से जुड़ा है। पत्रकार ओंकार सिंह चंदेल ने खबर दिखाई थी कि खनन के परिवहन के लिए बनाए गए रास्तों के बड़े-बड़े गड्ढों में डूबने से मासूम गौरव की मौत हुई थी। इस खबर से बौखलाए पट्टा संचालकों ने अपनी कमियां छिपाने के लिए पत्रकार के खिलाफ रंगदारी और धन उगाही का संगीन मुकदमा दर्ज करा दिया।
हालांकि, स्थानीय प्रशासन और पट्टाधारक इस गड्ढे को खनन से अलग बता रहे हैं, लेकिन सवाल यह उठता है कि क्या अब सच दिखाना और सवाल पूछना रंगदारी की श्रेणी में आएगा?

### **संवैधानिक अधिकार बनाम खाकी का रौब: अनुच्छेद 19(1)(a) की धज्जियां**

भारतीय संविधान का **अनुच्छेद 19(1)(a)** देश के हर नागरिक और पत्रकार को **’वाक और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता’** का मौलिक अधिकार देता है।
* **संवैधानिक ढाल:** जब संविधान ने पत्रकारों को निष्पक्ष लिखने और बोलने का अधिकार दिया है, तो फिर महज एक खबर के आधार पर बिना किसी निष्पक्ष जांच के तुरंत एफआईआर कैसे दर्ज हो सकती है?
* **दमन की नीति:** क्या पुलिस और रसूखदार पट्टाधारकों का गठजोड़ अब संविधान से भी ऊपर हो गया है?
इस कार्रवाई के बाद भी पत्रकार ओंकार सिंह चंदेल ने पूरी निडरता से कहा है कि **”वे किसी भी तरह की निष्पक्ष जांच के लिए तैयार हैं।”

### **अब आर-पार की लड़ाई: चौथे स्तंभ की रक्षा के लिए लामबंदी**

उत्तर प्रदेश मान्यता प्राप्त संवाददाता समिति (पुनर्गठित)के संयोजक श्री प्रभात कुमार त्रिपाठी के इस कड़े रुख के बाद पूरे उत्तर प्रदेश के पत्रकारों में आक्रोश की लहर है। इस बयान ने साफ कर दिया है कि अगर चित्रकूट प्रशासन ने अपनी एकतरफा कार्रवाई पर रोक नहीं लगाई और मामले की निष्पक्ष जांच नहीं की, तो यह मामला प्रदेश स्तर के बड़े आंदोलन में बदल सकता है। अब देखना यह है कि प्रशासन इस संवैधानिक चुनौती और पत्रकारों की एकजुटता के आगे क्या रुख अपनाता है।

NAV BHARAT DARPAN

कृष्णानन्द शर्मा "शिवराम" 2007 से पत्रकारिता के क्षेत्र में कार्यरत हैं, दैनिक जागरण,अमर उजाला, युनाइटेड भारत, स्वतंत्र भारत, सन्मार्ग जैसे हिन्दी दैनिक समाचार पत्रों में अपनी लेखनी के जरिए उत्पीड़न, भ्रष्टाचार, समसामयिक मुद्दों पर प्रकाश डालते रहे, वर्तमान में नवभारत दर्पण न्यूज नेटवर्क में प्रधान सम्पादक पद पर कार्यरत हैं, फिल्म सिटी नोएडा से नवभारत दर्पण न्यूज नेटवर्क का संचालन करते हैं, जिसमें हिन्दी दैनिक समाचार पत्र, न्यूज पोर्टल, वेबसाइट,व यूट्यूब न्यूज चैनल,ओ०टी०टी०, आईपी०टीवी व अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर अपनी सेवाएं प्रदान कर रहें हैं।

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