एडीजी जोन लखनऊ ने तब्लीगी जमात पर निगरानी रखने का दिया आदेश
एडीजी जोन ने दिए सभी जिलों के एसपी को आदेश
*लखनऊ ज़ोन पुलिस ने तबलीगी जमातों की निगरानी पर जारी किया कड़ा हुक्मनामा*
*कृष्णानन्द शर्मा*
लखनऊ। अपर पुलिस महा निदेशक (ADG) लखनऊ ज़ोन की ओर से कानून-व्यवस्था और विशेषकर बाहरी गतिविधियों पर सख़्त निगरानी बनाए रखने के उद्देश्य से एक महत्वपूर्ण आदेश जारी किया गया है। यह हिदायत ज़ोन के तहत आने वाले सभी ज़िलों के SSP (वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक) और SP (पुलिस अधीक्षक) को दी गई है।
*प्रमुख निर्देश: रोज़ाना जमातों का ब्यौरा अनिवार्य*
ADG लखनऊ ज़ोन ने ज़िला पुलिस प्रमुखों को निर्देश दिया है कि वे तबलीगी जमातों की आवाजाही पर कड़ी नज़र रखें।
हुक्मनामे में साफ़ कहा गया है कि जो तबलीगी जमातें किसी दूसरे ज़िले या सूबे (राज्य) से ज़िले में आती हैं, या यहाँ से दूसरे ज़िलों व रियासतों को जाती हैं, उनका पूरा और विस्तृत ब्यौरा रोज़ाना दफ़्तर में जमा किया जाए।
यह ब्यौरा भेजने की समय-सीमा निर्धारित की गई है: रोज़ाना सुबह 8 बजे तक।
*ज़रूरी और विस्तृत मालूमात (विवरण)*
यह सुनिश्चित करने के लिए कि निगरानी पूरी तरह से प्रभावी हो, हिदायत के मुताबिक़ ज़िला पुलिस को निम्नलिखित चार बिंदुओं पर अनिवार्य रूप से जानकारी भेजनी होगी:
* आगमन/प्रस्थान की तारीख़: जमात किस तारीख़ को ज़िले में प्रवेश कर रही है या ज़िले से बाहर जा रही है।
* मूल स्थान और गंतव्य: जमात किस ज़िले या सूबे (राज्य) से आयी है, या उसका अंतिम गंतव्य (Destination) कहाँ है।
* अरकान (सदस्यों) की तादाद: जमात में शामिल कुल व्यक्तियों की संख्या।
* वापसी की तारीख़: जमात की ज़िले से वापसी की अपेक्षित या निर्धारित तारीख़।
*पृष्ठभूमि और उद्देश्य*
हालांकि इस प्रकार के सख़्त निगरानी आदेशों का संदर्भ मुख्य रूप से कोविड-19 महामारी के दौरान (वर्ष 2020) था, जब तबलीगी जमात के आयोजनों को लेकर बड़े पैमाने पर संक्रमण फैलने का खतरा पैदा हुआ था, लेकिन पुलिस प्रशासन द्वारा समय-समय पर यह सुनिश्चित किया जाता है कि किसी भी बाहरी समूह की गतिविधि पर नज़र रखी जाए ताकि कानून-व्यवस्था बनी रहे। यह हुक्मनामा पुलिस द्वारा इंटेलिजेंस इनपुट (LIU) को मज़बूत करने और किसी भी अनपेक्षित या संवेदनशील गतिविधि को नियंत्रित करने की तैयारी का हिस्सा हो सकता है।
इस सख़्त निगरानी के ज़रिए, ज़िला पुलिस को किसी भी आपात स्थिति या स्वास्थ्य संकट में त्वरित कार्यवाही करने में मदद मिलेगी।
